बोडाहेड़ी में ड्रोन से निगरानी, छतों पर रखे ईंट-पत्थरों को हटाने के निर्देश; हरिद्वार पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 9 लोग हिरासत में
संपादक पुरुषोत्तम खरोला हरिद्वार
हरिद्वार पुलिस ने जिले में शांति व्यवस्था बनाए रखने और असामाजिक तत्वों पर शिकंजा कसने के लिए चलाए जा रहे ऑपरेशन प्रहार के तहत मंगलवार को पथरी थाना क्षेत्र के ग्राम बोडाहेड़ी में व्यापक कार्रवाई की। गांव में हाल ही में हुए दो पक्षों के खूनी संघर्ष और छतों से हुए पथराव की घटना के बाद पुलिस ने ड्रोन कैमरे की मदद से पूरे क्षेत्र की निगरानी की और दोनों पक्षों के 9 लोगों को भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) की धारा 126, 135 और 170 के तहत हिरासत में लिया।
जानकारी के अनुसार, कुछ दिन पहले बोडाहेड़ी गांव में दो पक्षों के बीच विवाद इतना बढ़ गया था कि दोनों ओर से छतों पर चढ़कर ईंट-पत्थर बरसाए गए थे। इस घटना के बाद दोनों पक्षों ने एक-दूसरे के खिलाफ मुकदमे दर्ज कराए थे। घटना के मद्देनजर वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर थाना प्रभारी रविंद्र कुमार के नेतृत्व में पुलिस टीम गांव पहुंची।
पुलिस अपने साथ ड्रोन कैमरा भी लेकर गई, जिसके माध्यम से गांव की छतों की निगरानी की गई। ड्रोन से कई मकानों की छतों पर ईंट-पत्थर रखे होने की जानकारी मिली। इसके बाद पुलिस ने संबंधित लोगों को तत्काल छतों से ईंट-पत्थर हटाने के निर्देश दिए और चेतावनी दी कि भविष्य में यदि किसी ने छतों पर इस तरह का सामान जमा कर रखा तो उसके विरुद्ध कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
इसी दौरान गांव में दोनों पक्षों के लोग फिर आमने-सामने आ गए और आपस में बयानबाजी तथा झगड़ा करने लगे। पुलिस ने दोनों पक्षों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन जब मामला शांत नहीं हुआ और किसी बड़ी वारदात की आशंका बनी रही, तब पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दोनों पक्षों के कुल 9 लोगों को हिरासत में ले लिया।
पुलिस का कहना है कि ऑपरेशन प्रहार के तहत जिले में कानून व्यवस्था बिगाड़ने वाले, झगड़ा-फसाद करने वाले और शांति भंग करने की आशंका वाले लोगों के खिलाफ लगातार निरोधात्मक कार्रवाई की जा रही है। बोडाहेड़ी में की गई यह कार्रवाई भी इसी अभियान का हिस्सा है, ताकि गांव में दोबारा तनाव की स्थिति उत्पन्न न हो और आम नागरिक सुरक्षित माहौल में रह सकें।
कार्रवाई के दौरान थाना प्रभारी रविंद्र कुमार के नेतृत्व में उपनिरीक्षक उपेन्द्र सिंह, उपनिरीक्षक बबलू चौहान, उपनिरीक्षक महेन्द्र पुंडीर सहित पुलिस टीम के अन्य जवान मौजूद रहे।


